तुलसी में कमाल की गुणकारी शक्ति है इसलिए इसे औषधीय पौधा माना जाता है। तुलसी के उपयोग से कई सारे रोगों का शमन हो जाता है। यह पित्तनाशक, कुष्ठ निवारक, पसली में दर्द, कफ, खून में विकार के उपचार में रामबाण की तरह काम करती है। दिल के लिए यह अत्यन्त उपयोगी औषधि है।
तुलसी के आठ नाम
वृंदा, वृन्दावनी, विश्व पूजिता, विश्व पावनी, पुष्पसारा, नंदिनी, तुलसी और कृष्ण जीवनी हैं।
तुलसी के फायदे
1. शारीरिक घाव को जल्दी भरती है
तुलसी के औषधीय तत्व शारीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता कोप बढ़ाते हैं। एक शोध में यह पाया गया कि तुलसी का अर्क या तुलसी की पत्तियों को रोज़ाना सेवन करने से शारीर के घाव जल्दी भरने लगते हैं इसलिए रोज़ाना तुलसी की पत्ती का सेवन करें।
2. बैक्टीरिया से लड़ने की शक्ति देता है
बैक्टीरिया से संबंधित बिमारियों से बचने के लिए रोज़ तुलसी का सेवन करें क्योंकि तुलसी में बैक्टीरिया से लड़ने की अचूक शक्ति है।
3.मधुमेह में रक्त शर्करा को कम करती है
शोध स्पष्ट है कि टाइप 2 मधुमेह वाले रोगियों में तुलसी का अर्क रक्त शर्करा को कम करने में सहायक है। अगर आपको मधुमेह है तो रोज़ाना तुलसी की कुछ पत्तियां सुबह खाली पेट खाएं और स्वस्थ रहें।
4. कोलेस्ट्रॉल को कम करती है
एक शोध में यह पाया गया है कि तुलसी में मौजूद कई तत्व लो कोलेस्ट्रॉल LDL को कम करने में सहायक है। तुलसी आपके ह्रदय और आपको तनाव पूर्ण स्थिति में मानसिक शांति प्रदान करती है।
5. एसिडिटी और पेट के अल्सर से बचाती है
तुलसी आपके पेट में बनने वाली एसिडिटी की मात्रा को संतुलित करता है अगर आप रोज़ाना सुबह खाली पेट कुछ पत्तियां तुलसी की चबा कर खाएं तो आपको एसिडिटी की तकलीफ से छुटकारा मिल जायेगा और पेट के अल्सर से भी बचाव होगा।
6. जोड़ों के दर्द से राहत दिलाती है
तुलसी जोड़ों के दर्द को कम करने में बहुत ही कारगर है। रोज़ाना 5 तुलसी की पत्तियों का सेवन करने से जोड़ों की सूजन कम होती है और दर्द में कमी आती है। तुलसी गुणों की खान है, इसके सेवन से आप कई रोगों से मुक्त और स्वस्थ रहेंगे।
7. दिमाग को तेज़ बनाती है
तुलसी के अर्क से बनी आयुर्वेदिक दवाई आपके दिमागी ताकत को बढाती है, यह दिमाग से तनाव को कम करती है और मानसिक कार्यक्षमता को बढाती है।
सावधानी
तुलसी गुणकारी है लेकिन कुछ गंभीर बिमारियों में इसका सेवन डॉक्टर की सलाह से करें। गर्भावस्था और रक्तस्राव वाली स्थिति में तुलसी का उपयोग नहीं करना चाहिए।
